मशरक की अदिति शंकर को सीयूएसबी दीक्षांत में राज्यपाल ने दिया स्वर्ण पदक
सारण के मशरक की अदिति शंकर को दक्षिण बिहार केंद्रीय विश्वविद्यालय के पांचवें दीक्षांत समारोह में राज्यपाल ने बीएससी-बीएड के लिए स्वर्ण पदक दिया।

सारण जिले के मशरक की बेटी अदिति शंकर ने उच्च शिक्षा में जिले का नाम रोशन किया है। दक्षिण बिहार केंद्रीय विश्वविद्यालय (सीयूएसबी), गयाजी के पांचवें दीक्षांत समारोह में उन्हें बीएससी-बीएड पाठ्यक्रम में उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए स्वर्ण पदक से सम्मानित किया गया। प्रभात खबर की रिपोर्ट के अनुसार, यह पदक बिहार के राज्यपाल जनरल सैयद अता हसनैन ने समारोह में प्रदान किया।
मशरक सिनेमा रोड की रहने वाली हैं अदिति
अदिति शंकर मशरक के सिनेमा रोड निवासी विजय शंकर की पुत्री हैं। स्वर्ण पदक की खबर जैसे ही घर और मोहल्ले तक पहुंची, परिजनों, रिश्तेदारों और शुभचिंतकों में खुशी फैल गई। बधाई देने वालों का सिलसिला देर तक चलता रहा।
"जीवन का यादगार पल"
पदक मिलने के बाद अदिति ने कहा कि केंद्रीय विश्वविद्यालय में पढ़ाई करना और राज्यपाल के हाथों स्वर्ण पदक पाना उनके लिए गर्व की बात है। उन्होंने इसे अपने जीवन का यादगार पल बताया।
बीएससी-बीएड क्यों खास
बीएससी-बीएड एक एकीकृत पाठ्यक्रम है, जिसमें विद्यार्थी विज्ञान विषयों की पढ़ाई के साथ-साथ शिक्षक बनने का प्रशिक्षण भी लेते हैं। ऐसे पाठ्यक्रम में सर्वोच्च स्थान पाने का मतलब है कि अदिति ने विषय की समझ और शिक्षण कौशल, दोनों में अच्छा प्रदर्शन किया है। आने वाले समय में ऐसे प्रशिक्षित विज्ञान शिक्षक स्कूलों में पढ़ाई की गुणवत्ता सुधारने में बड़ी भूमिका निभा सकते हैं।
छात्राओं के लिए प्रेरणा
कस्बाई इलाके से निकलकर केंद्रीय विश्वविद्यालय में स्वर्ण पदक हासिल करना आसान नहीं होता। स्थानीय लोगों का मानना है कि अदिति की सफलता मशरक और आसपास की उन छात्राओं के लिए प्रेरणा है, जो उच्च शिक्षा और विज्ञान के क्षेत्र में आगे बढ़ना चाहती हैं। मेहनत, लगन और लक्ष्य पर टिके रहने से बड़ी उपलब्धियां हासिल की जा सकती हैं, अदिति की कहानी यही संदेश देती है।
विश्वविद्यालय के बारे में
दक्षिण बिहार केंद्रीय विश्वविद्यालय गयाजी में स्थित एक केंद्रीय विश्वविद्यालय है, जहां बिहार समेत देश के कई राज्यों के विद्यार्थी स्नातक, स्नातकोत्तर और शोध पाठ्यक्रमों में पढ़ते हैं। पांचवें दीक्षांत समारोह में विभिन्न पाठ्यक्रमों के मेधावी विद्यार्थियों को उपाधियां और पदक दिए गए। सारण जिले के लिए यह गर्व की बात है कि इस मंच पर मशरक की एक बेटी का नाम स्वर्ण पदक विजेताओं में शामिल रहा। जिले के शिक्षा जगत से जुड़े लोगों ने भी उम्मीद जताई है कि इस तरह की सफलताएं ग्रामीण और कस्बाई इलाकों की बेटियों को उच्च शिक्षा की ओर और अधिक प्रेरित करेंगी।
स्रोत: प्रभात खबर
फीचर्ड तस्वीर: घोघिया गांव, मशरक प्रखंड, सारण | फोटो: Amitesh93 / Wikimedia Commons (CC BY-SA 3.0). स्रोत